[ad_1]

भारी बारिश, भूस्खलन और विभिन्न बांधों के खोले जाने से मध्य केरल की नदियों में जल स्तर बढ़ गया है जिससे बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई है.

केरल के इडुक्की जिले में रविवार को 17 और शवों को मलबे से निकाला गया जिससे भूस्खलन से मरने वालों की संख्या बढ़कर 43 हो गई

केरल: केरल के कई हिस्सों में रविवार को भारी बारिश हुई और छह जिलों में भारी बारिश होने का अनुमान जताया गया है. आईएमडी ने कसारगोड, कन्नूर, वायनाड, कोझिकोड, मलप्पुरम और अलपुझा जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है.

विभाग ने कहा कि मंगलवार से बारिश में कमी आने की संभावना है. भारी बारिश, भूस्खलन और विभिन्न बांधों के खोले जाने से मध्य केरल की नदियों में जल स्तर बढ़ गया है जिससे बाढ़ की स्थिति गंभीर हो गई है.

कोट्टयम जिले के मनारकाड इलाके में बाढ़ के पानी में एक टैक्सी चालक रविवार की सुबह बह गया. बाद में उसका शव बरामद किया गया. अधिकारियों ने बताया कि कसारगोड, कन्नूर, कोझिकोड और अलपुझा जिलों से शनिवार को डूबने की चार घटनाएं सामने आई हैं.

बारिश के कारण मीनाचिल नदी में उफान आया और फिर पूरे इलाके को मिनाचिल नदी के गुस्से का सामना करना पड़ा है. पूरे इलाके में 136 रिलीफ केंद्र बनाए गए हैं जिसमें अब तक करीब 3000 लोगों को पहुंचाया गया है.

मिनाचिल के गुस्से की वजह से कोटट्यम में कई सड़कों पानी के नीचे जा चुकी हैं जिसकी वजह से काफी इलाकों में यातायात बंद हैं हजारों एकड़ खेती की जमीन पानी के नीचे जा चुकी है.

इडुक्की: भूस्खलन में मरने वालों की संख्या 43 हुई
केरल के इडुक्की जिले में रविवार को 17 और शवों को मलबे से निकाला गया जिससे भूस्खलन से मरने वालों की संख्या बढ़कर 43 हो गई. इडुक्की में राजमाला के पास भूस्खलन में चाय बगान कर्मियों के मकान बह जाने के तीन दिन बाद भी विभिन्न एजेंसियों बचाव अभियान में शामिल हैं और रविवार को 17 शव बरामद किए गए.

[ad_2]

Source link